डिजिटल अरेस्ट और ऑनलाइन जॉब के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह से जुड़े आरोपी पर पुलिस का शिकंजा, बैंक खाते से होता था करोड़ों के खेल का रास्ता।
मिलक खानम (रामपुर)। मोबाइल पर आने वाला "घर बैठे कमाई" का ऑफर आखिर कैसे लोगों की जिंदगी बर्बाद कर रहा है, इसका एक और खुलासा रामपुर पुलिस की कार्रवाई में सामने आया है। थाना मिलकखानम पुलिस ने साइबर ठगी के ऐसे नेटवर्क से जुड़े एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जो ठगी की रकम को अपने बैंक खाते से इधर-उधर कर साइबर गिरोह के लिए कमीशन एजेंट का काम करता था।
पुलिस जांच में सामने आया कि साइबर अपराधी भोले-भाले लोगों को पार्ट टाइम नौकरी, मोटे मुनाफे और डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाकर लाखों रुपये की ठगी करते थे। ठगी से हासिल रकम को सुरक्षित ठिकाने तक पहुंचाने के लिए आरोपी अपने बैंक खाते उपलब्ध कराता था और बदले में तय प्रतिशत कमीशन लेता था।
पुलिस अधीक्षक सोमेंद्र मीणा के निर्देशन में चलाए जा रहे साइबर अपराध विरोधी अभियान तथा प्रदेश स्तरीय ऑपरेशन "साई-वज्र" के तहत थाना मिलकखानम पुलिस ने गुरुवार को करन सिंह निवासी ग्राम बेवक्ता को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के विरुद्ध थाना मिलकखानम में संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर न्यायालय में पेश किया गया।