लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई उत्तर प्रदेश मंत्रिपरिषद की बैठक में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। कैबिनेट ने उत्तर प्रदेश विधानमंडल के वर्ष 2026 के तृतीय सत्र को 3 अगस्त 2026 (सोमवार) से बुलाने की स्वीकृति दी। इसके अलावा 250 नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद, रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना, महिला छात्रावासों के निर्माण, आउटसोर्स सेवा निगम को वित्तीय सहायता और अग्निशमन विभाग के आधुनिकीकरण समेत कई अहम निर्णय लिए गए।

3 अगस्त से शुरू होगा विधानमंडल का मानसून सत्र

वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना ने बताया कि 3 अगस्त से शुरू होने वाले सत्र में वित्तीय वर्ष 2026-27 का अनुपूरक बजट, विभिन्न अध्यादेशों के प्रतिस्थानी विधेयक तथा अन्य महत्वपूर्ण विधायी कार्य सदन में प्रस्तुत किए जाएंगे। सरकार सत्र के दौरान कई प्रशासनिक और विकास संबंधी प्रस्तावों को भी आगे बढ़ाएगी।

250 नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद को मंजूरी

प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल बनाने के उद्देश्य से कैबिनेट ने 250 नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद को मंजूरी दी है। इस योजना पर 425.50 करोड़ रुपये खर्च होंगे, जिसमें 400 करोड़ रुपये राज्य सरकार और 25.50 करोड़ रुपये उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम (UPSRTC) वहन करेगा।नई बसों में 100 बसें 50 सीटर (12 मीटर, 3×2 टाइप-II) और 150 बसें 41 सीटर (12 मीटर, 2×2 टाइप-III) होंगी। सरकार ने बसों की खरीद में उत्तर प्रदेश के निर्माताओं को प्राथमिकता देने का भी निर्णय लिया है।

दिल्ली-एनसीआर के नए नियमों के अनुरूप होगा बस संचालन

सरकार के अनुसार 1 नवंबर 2026 से दिल्ली में केवल सीएनजी, इलेक्ट्रिक और बीएस-6 श्रेणी के वाहनों को प्रवेश की अनुमति होगी। ऐसे में नई इलेक्ट्रिक बसों की खरीद से यूपी रोडवेज एनसीआर क्षेत्र में बिना किसी बाधा के संचालन जारी रख सकेगा। साथ ही इससे प्रदूषण कम होगा और स्वच्छ परिवहन को बढ़ावा मिलेगा।

रोजगार और पर्यटन को भी मिलेगा बढ़ावा

नई इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से रोडवेज बेड़े का विस्तार होगा। इससे चालकों, परिचालकों, तकनीकी कर्मचारियों और रखरखाव से जुड़े लोगों के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। साथ ही धार्मिक, पर्यटन और शहरी क्षेत्रों में यात्रियों को बेहतर परिवहन सुविधा मिलेगी।

वाराणसी में बनेगा 500 क्षमता वाला महिला छात्रावास

कैबिनेट ने मुख्यमंत्री श्रमजीवी महिला छात्रावास योजना के तहत वाराणसी में 500 क्षमता वाले आधुनिक छात्रावास के निर्माण को मंजूरी दी। इसके लिए 6,000 वर्गमीटर सरकारी भूमि महिला कल्याण विभाग को निःशुल्क हस्तांतरित की जाएगी।यह छात्रावास राज्य सरकार के पूर्ण वित्तीय सहयोग से बनाया जाएगा। सरकार इसे 'नो प्रॉफिट-नो लॉस' मॉडल पर संचालित करेगी, ताकि कामकाजी महिलाओं को सुरक्षित और किफायती आवास उपलब्ध कराया जा सके।

वसंत महिला महाविद्यालय में बनेगा नया छात्रावास

कैबिनेट ने वाराणसी स्थित वसंत महिला महाविद्यालय, राजघाट फोर्ट में 112 छात्राओं की क्षमता वाले नए छात्रावास के निर्माण को भी मंजूरी दी। इस परियोजना पर 248.30 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। सरकार का उद्देश्य छात्राओं को बेहतर आवासीय सुविधाएं उपलब्ध कराकर उच्च शिक्षा को बढ़ावा देना है।

रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना को मिली मंजूरी

महिला सशक्तीकरण और उच्च शिक्षा को प्रोत्साहित करने के लिए कैबिनेट ने रानी लक्ष्मीबाई स्कूटी योजना के दिशा-निर्देशों को मंजूरी दे दी।योजना के तहत शैक्षणिक सत्र 2025-26 में उत्तर प्रदेश की मूल निवासी पात्र छात्राओं को मेरिट के आधार पर स्कूटी दी जाएगी। चयन स्नातक उत्तीर्ण छात्राओं की टॉप 5 प्रतिशत मेरिट सूची से होगा।

पेट्रोल स्कूटी के साथ मिलेगा पूरा पैकेज

सरकार ने ग्रामीण क्षेत्रों में ईंधन और सर्विस की उपलब्धता को देखते हुए पेट्रोल चालित स्कूटी देने का निर्णय लिया है। स्कूटी की खरीद GeM पोर्टल के माध्यम से होगी। प्रत्येक लाभार्थी को स्कूटी के साथ पंजीकरण, व्यापक बीमा, आईएसआई हेलमेट, 4 लीटर पेट्रोल और आवश्यक एक्सेसरीज भी उपलब्ध कराई जाएंगी।

आउटसोर्स सेवा निगम को मिलेगा 20 करोड़ रुपये का ब्याज मुक्त ऋण

कैबिनेट ने नवगठित उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम को संचालन के लिए 20 करोड़ रुपये का ब्याज मुक्त ऋण देने का फैसला किया है।सरकार के अनुसार निगम का गठन कंपनी अधिनियम-2013 की धारा-8 के तहत गैर-लाभकारी संस्था के रूप में किया गया है। पहले पांच वर्षों तक ऋण चुकाने की आवश्यकता नहीं होगी, जबकि उसके बाद निगम अगले 10 वर्षों तक हर वर्ष 2 करोड़ रुपये की दर से भुगतान करेगा।

अग्निशमन विभाग को मिलेंगे नए वाटर और फोम टेंडर

प्रदेश की अग्निशमन एवं आपात सेवा को मजबूत करने के लिए कैबिनेट ने 25.78 करोड़ रुपये की लागत से 44 वाटर टेंडर और 5 फोम टेंडर के निर्माण एवं खरीद को मंजूरी दी।इनमें 5 नए वाटर टेंडर, 39 पुराने वाहनों के स्थान पर नए वाटर टेंडर और 5 आधुनिक फोम टेंडर शामिल हैं। इनका उपयोग शहरी, ग्रामीण, औद्योगिक क्षेत्रों, पेट्रोलियम एवं गैस प्रतिष्ठानों, रासायनिक इकाइयों और संकरी गलियों में आग बुझाने की क्षमता बढ़ाने के लिए किया जाएगा।

सरकार का फोकस विकास, महिला सशक्तीकरण और आधुनिक सुविधाओं पर

कैबिनेट के फैसलों से स्पष्ट है कि योगी सरकार ने इस बैठक में विधायी तैयारियों, आधुनिक सार्वजनिक परिवहन, महिला सुरक्षा एवं शिक्षा, रोजगार सृजन, प्रशासनिक सुधार और आपातकालीन सेवाओं के सुदृढ़ीकरण पर विशेष जोर दिया है। आगामी विधानमंडल सत्र में इन निर्णयों से जुड़े कई विधायी और वित्तीय प्रस्ताव सदन के समक्ष प्रस्तुत किए जाएंगे।