एटा यूजीसी रेगुलेशन 2026 का विरोध कर पीसीएस पद से इस्तीफा देने वाले राष्ट्रीय अधिकार मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अलंकार अग्निहोत्री शनिवार को एटा पहुंचे। यहां पार्टी कार्यकर्ताओं की बैठक में उन्होंने 2027 विधानसभा चुनाव का जीत का मंत्र दिया।

अग्निहोत्री ने कहा कि 26 जनवरी 2026 को यूजीसी रेगुलेशन के विरोध में इस्तीफा देने के बाद ही राष्ट्रीय अधिकार मोर्चा का गठन किया गया। 2027 से पहले मोर्चा हर गली, मोहल्ले और वार्ड तक जाएगा और जनता के सामने बेहतर विकल्प बनेगा।

गठबंधन पर दिया ये बयान

2027 में अकेले चुनाव लड़ने या गठबंधन करने के सवाल पर उन्होंने कहा कि यह रणनीतिक फैसला है। इसमें जल्दबाजी नहीं होगी। कई सीटों पर मोर्चा निर्णायक स्थिति में है। समान विचारधारा वाले दलों से सीटें बढ़ाने के लिए गठबंधन करने में कोई दिक्कत नहीं है।



जंतर मंतर मुद्दे पर सरकार को घेरा
दिल्ली के जंतर मंतर पर छात्रों के प्रदर्शन और लाठीचार्ज को लेकर अग्निहोत्री ने कहा कि किसी भी बच्चे पर लाठी चलाना उचित नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के दौरान एक सीज ट्रक में पत्थर भरकर लाए गए। यह पूरी तरह साजिश थी। इसमें केंद्र सरकार और स्थानीय पुलिस की मिलीभगत साफ दिख रही है। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन को विदेशी फंडिंग से जोड़ने की कोशिश की गई, जबकि बच्चे इसे राष्ट्रवाद से जोड़ना चाहते थे। इसी विद्रोह के चलते एक कैबिनेट मंत्री को इस्तीफा देना पड़ा।

राहुल-पप्पू यादव FIR पर बोले
राहुल गांधी और पप्पू यादव पर FIR के मामले में उन्होंने कहा कि सनातन और भगवा का सबसे ज्यादा अपमान सत्ताधारी पार्टी कर रही है। बजरंग बली का रूप धारण कर छोटे बच्चों की चोटी पकड़कर घसीटा गया। उन्हें सनातन का ज्ञान लेने की जरूरत है।जौहर यूनिवर्सिटी के कमरों को तोड़ने के कमिश्नर के नोटिस पर उन्होंने स्वागत किया। कहा कि किसी भी यूनिवर्सिटी को तोड़ने से सभी वर्ग और जाति के लोगों का नुकसान होता है। ऐसे में अन्य विकल्प तलाशे जाने चाहिए।बैठक के दौरान जिला अध्यक्ष अशोक पांडे, रवि गुप्ता, नितिन वशिष्ठ, ओम कृष्ण दुबे, अमन श्रीवास्तव, ऋतिक उपाध्याय, अरुण उपाध्याय, विनय कांत उपाध्याय समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी ने फूलमालाओं से अग्निहोत्री का स्वागत किया।