नई दिल्ली। राजधानी का रामलीला मैदान आज विपक्षी एकजुटता का गवाह बनने जा रहा है। चुनावों में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ इंडिया गठबंधन की मेगा रैली के लिए मंच तैयार हो चुका है। देश के अलग-अलग राज्यों से विपक्षी नेता और समर्थक दिल्ली पहुंचने लगे हैं। रैली का मुख्य मकसद अपनी ताकत दिखाना और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को बुलंद करना है।

10 लाख लोगों के जुटने का दावा

गठबंधन की ओर से दावा किया गया है कि रैली में करीब 10 लाख लोग शामिल होंगे। गठबंधन में शामिल दलों के प्रतिनिधियों के लिए मैदान में अलग से व्यवस्था की गई है। कार्यक्रम के तहत विपक्षी नेता और कार्यकर्ता पहले मिंटो रोड से रामलीला मैदान तक मार्च निकालेंगे, जिसके बाद मैदान में जनसभा होगी।

सुरक्षा के कड़े इंतजाम

रैली को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी रखी गई है। रामलीला मैदान और आसपास के इलाके में 4,000 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात किए जाएंगे, जबकि केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) की अतिरिक्त कंपनियां भी मोर्चा संभालेंगी। निगरानी के लिहाज से पूरे मैदान को 14 जोन में बांटा गया है।

तकनीकी निगरानी के लिए मैदान में 200 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इसके अलावा ड्रोन और पुलिसकर्मियों के बॉडी कैमरों के जरिए भी भीड़ पर नजर रखी जाएगी।